रूद्राक्ष या तुलसी से ही क्यों बनती है जाप की माला?

हिंदू धर्म में भगवान को प्रसन्‍न करने के लिए मंत्रों का विशेष महत्‍व है। मनोकामना की पूर्ति हेतु या भगवान को प्रसन्‍न करने के लिए मंत्रों का जाप किया जाता है। शास्‍त्रों में मंत्र का जाप माला से करने के बारे में बताया गया है। वैसे तो मंत्रों का जाप करने के लिए कई चीज़ों और धातुओं से बनी मालाओं का प्रयोग किया जाता है लेकिन रुद्राक्ष और तुलसी से बनी माला का विशेष महत्‍व होता है। इसके पीछे एक कारण छिपा है। आइए जानते हैं कि मंत्र जाप करने में तुलसी और रुद्राक्ष का ही प्रयोग करने के पीछे क्‍या कारण है। Benefits of Rudraksha and Tulsi Mala

 

रुद्राक्ष, भगवान शिव का आभूषण माना जाता है इसलिए भगवान शिव, माता पार्वती, भैरव, कार्तिकेय, काली और दुर्गा आदि देवी-देवताओं के मंत्र जाप में रुद्राक्ष की माला का प्रयोग किया जाता है। शिव से संबंधित होने के कारण रुद्राक्ष सर्वोपरि और इससे बनी माला से किसी भी मंत्र का जाप करने से दोगुने फल की प्राप्‍ति होती है।

तुलसी, भगवान विष्‍णु की प्रिय है इसलिए श्रीकृष्‍ण, मां लक्ष्‍मी और श्रीराम एवं भगवान विष्‍णु के अन्‍य सभी अवतारों के मंत्रों का जाप तुलसी की माला से किया जाता है। इसके अलावा रुद्राक्ष और तुलसी प्राकृतिक होती हैं, इसलिए भी मंत्र जाप के लिए इनसे बनी माला का उपयोग करना अच्‍छा माना जाता है।

रुद्राक्ष माला के लाभ :

 

  • रुद्राक्ष माला एक कवच के रूप में कार्य करती है जो व्‍यक्‍ति को आसपास की सभी तरह की नकारात्‍मक ऊर्जा से बचाती है।
  • रुद्राक्ष शनि दोष को खत्‍म करता है। अगर आपकी कुंडली में शनि दोष है तो आपको रुद्राक्ष की माला से शनि के मंत्रों का जाप करना चाहिए।
  • रुद्राक्ष की माला से मंत्र का जाप करने से सारी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। इसके अलावा रुद्राक्ष भौतिक सुख भी प्रदान करता है।

तुलसी माला के लाभ :

  • तुलसी की माला सेहत को चमत्‍कारिक फायदे पहुंचाती है। गले में तुलसी की माला धारण करने से जीवनशक्‍ति बढ़ती है। साथ ही तुलसी की माला कई रोगों से सुरक्षा भी प्रदान करती है।
  • तुलसी की माला पहनने से आवाज़ सुरीली होती है और गले से संबंधित रोग नहीं होते।
  • तुलसी की माला धारक के व्‍यक्‍तित्‍व को आकर्षक बनाती है।
  • तुलसी की जड़ें कमर में बांधने से गर्भवती स्‍त्री को विशेष लाभ होता है। इसके प्रभाव से प्रसव वेदना भी कम होती है और प्रसूति सरलता से हो जाती है।
  • तुलसी की माला धारण करने से मानसिक तनाव में कमी आती है और संक्रामक रोगों से भी सुरक्षा मिलती है। शरीर में सुधार आता है एवं दीर्घायु की प्राप्‍ति होती है। तुलसी की माला धारण करने से शरीर सात्‍विक हो जाता है।
  • ये है तुलसी की माला और रुद्राक्ष की माला के फायदे – इन्‍हीं कारणों से तुलसी की माला और रुद्राक्ष की माला को सर्वोपरि माना गया है। अगर आप भी किसी देवी-देवता को प्रसन्‍न करना चाहते हैं तो उनके मंत्रों का जाप रुद्राक्ष या तुलसी की माला से ही करें। तुलसी और रुद्राक्ष की माला से मंत्र जाप करने से विशेष फल की प्राप्‍ति होती है।

Written by Anil

Content Writer

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